July 29, 2021

वृतांत – Vritaant

खबर, संवाद और साहित्य

एप्पल ने भारत में वेस्टरोन प्लांट पर हमला होने के बाद कारोबार बंद किया, मामले की जाँच करने का काम जारी किया

भारत में एप्पल कम्पनी के लिए आईफोन बनाने वाली कम्पनी वेस्टरोन के भारत के दक्षिण भारत ने स्थित प्लांट पर कुछ दिन पहले हजारो लोगो ने तोड़ फोड़ कर दी और लाखो उपकरणों को चोरी कर लिया गया। कहा जा रहा है कि ये वारदात कम्पनी के ही काम करने वाले लोगो द्वारा की गयी है। सूत्रों से पता चला है कि कंपनी किए महीनो से अपने वर्कर्स की सैलरी को रोके हुए थी और इस वजह से गुस्साए वर्कर्स ने प्लांट में उत्पात मचाया। एप्पल के अनुसार कंपनी को लगभ 437 करोड़ रूपये का नुकसान हुआ है। अब कंपनी इस मामले की जाँच में जुटी है और एप्पल ने फ़िलहाल के लिए भारत के इस प्लांट में अपने कारोबार को बंद ककर दिया है।

एप्पल द्वारा शनिवार को कहा गया कि उसने वेस्टरोन को जाँच के घेरे में रखा है और ताइवान की फर्म में नया कारोबार नहीं किया जायेगा जब तक वेस्टरोन अपने दक्षिण भारत के प्लांट में पूर्ण सुरक्षाओं का पालन नहीं करते है। एप्पल द्वारा किये ऑडिट के शुरुवाती निष्कर्ष में कहा कि कम्पनी के ‘सप्लायर कोड ऑफ़ कंडक्ट’ का उल्लंघन देखा गया है। इसके अलावा कंपनी ने कहा कि हमारे प्रारम्भिक निष्कर्ष उचित समय पर सही प्रबंधन करने में विफल होने और अचार सहिंता के उल्लंघन होने का संकेत देते है। एप्पल में एक बयान में कहा कि हमने वेस्टरोन को परख के लिए रखा है और जब तक वे सभी सुरक्षात्मक कार्यवाही नहीं करते तब तक वे एप्पल से कोई भी नया कारोबार नहीं ले सकते है। इसके अलावा वेस्टरोन ने भी इसके लिए कार्यवाही की है और वह अपने प्लांट के लिए नयी भर्ती और परोल टीमों का पुनर्गठन कर रही है। इसके अलावा वेस्टरोन ने एक कर्मचारी सहायक प्रोग्राम भी सेट किया है और यह 24 घंटे सभी भाषाओ में शिकायतों को सुनने के लिए चालू रहेंगे।

इसके अलावा वेस्टरोन ने स्वीकार किया है कि दक्षिण भारत के प्लांट में कुछ श्रमिकों को ठीक से भुगतान है किया गया था। एप्पल ने एक बयान में कहा है कि इससे वह भारत के लिए कारोबार की देख रेख करने वाले शीर्ष कार्यकारी हटा रहा है। एप्पल ने वेस्टरोन मामले की जाँच के लिए कर्मचारी और जाँच अधिकारियो की नियुक्ति की गयी है जो समय पर पुरे मामले की जाँच कर सके और पूर्ण सुरक्षा को परख सके। एप्पल ने कहा है कि हमने हमेशा यह सुनिश्चित करने की कोशिश की है कि हमारी आपूर्ति श्रंखला में सभी का सम्मान और सही व्यवहार किया जाये। इसके अलावा कई लोगो का कहना है कि यह मामला भारत और चीन के बीच हुए मतभेद के कारण भी हो सकता है। फ़िलहाल सरकार और एप्पल दोनों इस मामले की जाँच में जुटे है।

%d bloggers like this: