June 18, 2021

वृतांत – Vritaant

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किसान आंदोलन : किसानो ने आंदोलन के दौरान रिलायंस जिओ का बायकाट करेंगे

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भारत में कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे आंदोलन के एक हिस्से के रूप में किसान नेताओ ने कहा है कि वे कॉर्पोरेट उद्योगपतियों, अडानी समूह और मुकेश अम्बानी द्वारा दी जाने वाली सेवाओं का बहिष्कार करेंगे। मुकेश अम्बानी द्वारा देश में ज्यादातर सेवा रिलायंस जिओ नेटवर्क के द्वारा दी जाती है, इसलिए किसानो ने जिओ नेटवर्क सेवाओं का बहिष्कार करने के फैसला किया है। जब से सितम्बर 2016 से जिओ ने भारत ने अपनी सेवाओं को शुरू किया है तब से अब तक वह सभी पहले से स्थापित अन्य नेटवर्क ऑपरेटरो से बहुत आगे निकल चूका है और हर महीने नए उपभोक्ताओं को जोड़ता जा रहा है। किसानो द्वारा जिओ सेवाओं के बहिष्कार से शायद ही कोई फर्क पड़ सकता है क्योकि देश में करोडो की संख्या में जिओ को इस्तेमाल करने वाले उपभोक्ता है।

किसान नेताओ ने यह घोषणा भारत सरकार द्वारा कृषि कानूनों के बारे में पहली प्रतिक्रिया के बाद की। सरकार की प्रतक्रिया को अप्रयाप्त बताते हुए किसान नेताओ ने औपचारिक रूप से रिलायंस जिओ सिम का बहिष्कार करने की घोषणा करने से पहले सरकार के सभी प्रस्तावों को पूरी तरह से ख़ारिज कर दिया। पहली बार रिलायंस जिओ के लिए पिछले ४ सालो में ऐसा विरोध देखने को मिला है, जो कंपनी लगातार देश में नए उपभोक्ताओं को जोड़ रही थी। जब से जिओ ने भारत में अपनी सेवाओं को शुरू किया है तब से जिओ ने देश में मोबाइल नेटवर्क सेवाओं पर अपना कड़ा प्रभाव डाला है। जिओ के आने के बाद से देश में मोबाइल डाटा और कालिंग सेवाओं को काफी कम लागत में उपलब्ध कराया है।

जिओ के टेलीकॉम के क्षेत्र में प्रभाव के परिणाम स्वरुप वोडाफोन इंडिया ने आईडिया सेलुलर के साथ साल 2018 में विलय कर लिया, ताकि भारत में वे मिलकर सबसे बड़ा टेलीकॉम समूह बना सके और सबसे ज्यादा मार्केट शेयर बना सके। किसानो द्वारा रिलायंस जिओ पर घोषणा के संभावित प्रभाव के साथ यह निर्णय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी और मुकेश अम्बानी की आपस में साझेदारी के विरोध को चिन्हित करता है। रिलायंस जिओ की सेवाओं का बहिष्कार करने का निर्णय किसानो के इरादे का भी सन्देश देता है। किसानो द्वारा बहिष्कार का यह निर्णय तब आया जब मुकेश अम्बानी ने भारत मोबाइल कांग्रेस 2020 के दौरान कहा था कि जिओ केंद्र सरकार के साथ रणनीति बनाकर देश में बड़ा टेलीकॉम बाजार शुरू करेगा जिससे वह अपने वह आसानी से देश के हर कोने में पहुंच सके और अपनी डाटा सेवाओं को आसानी से उपलब्ध करा सके।